रतलाम। उज्जैन बटालियन में पदस्थ जवान की हत्या के बाद उसका शव को ठिकाने लगाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है. पुलिस जवान के शव को फेंकने आए तीन लोगों को ग्रामीणों ने पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया है. कार का स्टेरिंग फेल होने से यह बदमाश ग्रामीणों के हत्थे से चढ़ गए.
पूरा मामला….
जिले के ग्राम रणायरा गुर्जर में सोमवार सुबह एक सनसनीखेज मामलासामने आया जहा तीन युवक एक सफेद रंग की ऑल्टो कार में एक लाश को ठिकाने लगाने की नीयत से गांव के डेम की ओर बढ़ रहे थे। लेकिन ग्रामीणों की सतर्कता ने एक बड़ा अपराध उजागर कर दिया।
गांव वालों को जैसे ही कार की संदिग्ध हरकतों पर शक हुआ, उन्होंने कार को रोका। कार को रोकते देख युवक भागने लगे, लेकिन ग्रामीणों ने बहादुरी दिखाते हुए तीनों को पकड़ लिया और तुरंत रिंगनोद थाना पुलिस को सूचना दी।
पुलिस मौके पर पहुंची और जब कार की तलाशी ली, तो उसमें एक मृत शरीर मिला जिसकी पहचान उज्जैन जिले की बटालियन में पदस्थ एक प्रधान आरक्षक के रूप में हुई। इस दर्दनाक घटना ने न सिर्फ गांव वालों को झकझोर दिया
तीनों आरोपियों को पुलिस हिरासत में ले लिया गया है और मामले की गहराई से जांच की जा रही है। पुलिस यह जानने की कोशिश कर रही है कि हत्या के पीछे क्या कारण थे और इस अपराध में और कौन-कौन शामिल हो सकता है।
इस घटना से सवाल खड़े हो रहे है कि कानून का रक्षक ही निशाना बन जाए, तो समाज को और ज्यादा सजग और सतर्क रहना होगा।
रिपोर्ट विकास त्रिवेदी…


